Indian Railway main logo Welcome to Indian Railways
View Content in English
National Emblem of India

हमारे बारे में

परियोजना और अहवाल

निविदा सूचना

MIS

समाचार और सूचना

सूचना का अधिकार

हमसे संपर्क करें



Bookmark Mail this page Print this page
QUICK LINKS
फेज II

एमयूटीपी फेज-II

एम यू टी पी के द्वितीय चरण के विभिन्न कार्योंके लिये कार्यान्वयीन एजंसियोंको अंतिम रूप दिया गया, जिसे निम्नतक्ते मे दर्शाया गया है । एम यू टी पी का द्वितीय चरण दो भागों में कार्यान्वयीत होगा, जो एमयूटीपी-2ए और एमयूटीपी-2बी है ।
( रू. करोड )  


अ.क्र.

कार्य

पूरा खर्चा

(2013 तक)

कार्य करनेवाली एजंसी

1

सी एस टी एवं कुर्ला के बीच पाँचवीं एवं छठी लाइन 

659

म.रे.

2

ठाणे एवं दिवा के बीच पाँचवीं एवं छठी लाइन 

133

एम.आर.वी.सी.

3

बोरीवली एवं मुंबई सेंट्रल के बीच छठी लाइन 

522

प.रे.

4

अंधेरी से गोरेगाँव तक हार्बर लाइन का विस्तार

103

एम.आर.वी.सी.

5

डी सी से एसी परिवर्तन 

293

म.रे., एम.आर.वी.सी.

6

ई एम यू अधिप्राप्ति एवं निर्माण 

2930

एम.आर.वी.सी., आय.सी.एफ.

7

ई एम यू अनुरक्षण सुविधाएँ 

205

म.रे., प.रे.

8

ई एम यू के लिय स्टेबलिंग लाईनें 

141

म.रे., एम.आर.वी.सी.

9

तकनीकी सहायता एवं संस्थान का सुदृढीकरण 

62

एम.आर.वी.सी.

10

पुनर्स्थापन एवं पुनर्वास

124

एम.एम.आर.डी.ए., एम.आर.वी.सी.,

11

स्टेशन सुधार एवं अतिक्रमण नियंत्रण योजना 

128

म.रे., प.रे.

कुल

5300

 

एम यू टी पी के द्वितीय चरण में बुनियादी ढाँचे में योगदान
• 88 ट्रैक कि.मी. की वृद्धि-वर्तमान 790 कि. मी. तथा एम यू टी पी के प्रथम चरण में 93 कि.मी. की वृद्धि होगी ।
• नौ डिब्बों वाले 96 नये रेक ।
• ठाणे- सी एस टी एम खंड (172 ट्रैक कि.मी. ) के डी सी कर्षण से एसी कर्षण मे परिवर्तन के साथ मुंबई उपनगरीय प्रणाली पर डी सी - एसी कर्षण परिवर्तन का कार्य पूरा हो जायेगा ।
• परियोजना से प्रभावित लगभग 3000 परिवारोंका पुनर्स्थापन एवं पुनर्वास ।

 

एम यू टी पी के द्वितीय चरण के लाभ

• उपनगरीय रेलों की परिचालन प्रक्रिया मेनलाईन की यात्री एवं मालगाडियों के परिचालन से पूर्णतः अलग हो जायेगी।
• उपनगरीय लाइनों पर चलने वाली सभी रेलगाडियाँ 12 डिब्बों वाली होंगी ।
• एम यू टी पी के पहले चरण मे 800 नई रेलगाडियाँ यानी कुल मिलाकर गाडियों की  संख्या में 30 प्रतिशत की वृद्धि ।
• 9 डीब्बों वाली प्रति रेलगाडी की वर्तमान औसत यात्री संख्या को 5000 से एवं एम यू टी पी प्रथम चरण के बाद 3600 से घटाकर 3000 तक लाना ।



Source : मुंबई रेलवे विकास कॉर्पोरेशन:: CMS Team Last Reviewed on: 12-02-2011  

  प्रशासनिक लॉगिन | साईट मैप | हमसे संपर्क करें | आरटीआई | अस्वीकरण | नियम एवं शर्तें | गोपनीयता नीति Valid CSS! Valid XHTML 1.0 Strict

© 2010  सभी अधिकार सुरक्षित

यह भारतीय रेल के पोर्टल, एक के लिए एक एकल खिड़की सूचना और सेवाओं के लिए उपयोग की जा रही विभिन्न भारतीय रेल संस्थाओं द्वारा प्रदान के उद्देश्य से विकसित की है. इस पोर्टल में सामग्री विभिन्न भारतीय रेल संस्थाओं और विभागों क्रिस, रेल मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा बनाए रखा का एक सहयोगात्मक प्रयास का परिणाम है.